राजभाषा

राजभाषा समिति २०१- समिति

राजभाषा समिति २०१-  ार्यान्वयन इस सत्र की पहली बैठक दिनांक ०६//२०१  को आयोजित की गयी. इसमें निम्न बिन्दुओं पर चर्चा की गयी.
. राजभाषा हिंदी की वर्तमान स्थिती पर चर्चा.
. राजभाषा हिंदी पर तकनिकी प्रयोग और उपयोग.


राजभाषा हिंदी समिति सितम्बर माह में हिंदी पखवाड़े का आयोजन कर रही है|.


राजभाषा हिंदी के प्रगामी प्रयोग से सम्बंधित एक प्रगति रिपोर्ट संभागीय कार्यालय भेजी गयी.
 

राजभाषा

दिनांक 14 सितंबर 1949 को भारत की संविधान सभा ने हिंदी भाषा को भारत संघ की राजभाषा के रूप में मान्यता दी। संविधान के अनुच्छेद 343 के अनुसार भारत संघ की राजभाषा हिंदी तथा लिपि देवनागरी है। जिस भाषा के माध्यम से प्रशासनिक कार्य संपादित होते हैं, उसे राजभाषा कहते हैं। आज सरकारी कामकाज में हिंदी का प्रयोग दिनोंदिन बढ़ता ही जा रहा है। इसे और बढ़ावा देने के लिए सरकार सतत प्रयत्नशील है। राजभाषा को और मजबूत बनाने के लिए राजभाषा कार्यान्वयन समिति का गठन किया गया है। अखिल भारतीय प्रतियोगिताओं का आयोजन, वरिष्ठ अधिकारियों के लिए कार्यशालाओं का आयोजन, हिंदी में काम करने पर पुरूस्कार एवं प्रोत्साहन देने की योजना एवं हिंदी के प्रचार प्रसार में कम्प्यूटरों का प्रयोग करना इत्यादि कतिपय ऐसे कदम हैं, जो लक्ष्य तक पहुँचाने में कारगर सिद्ध होंगे। इस पुनीत कार्य में केन्द्रीय विद्यालयों का योगदान बड़ा महवपूर्ण है। राजभाषा के विकास में सभी कर्मचारियों और अधिकारियों का सहयोग आवश्यक है।

जहाँ चाह, वहाँ राह।